बिहार में औद्योगिक क्रांति की नई दस्तक, रोजगार के क्षितिज रोशन करने का संकल्प: सम्राट चौधरी
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पटना, 24 अक्टूबर: उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार औद्योगिक विकास के एक नए युग में प्रवेश करने के लिए तैयार है। राज्य सरकार का उद्देश्य निवेश को बढ़ावा देना, औद्योगिक बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और युवाओं के लिए अपने ही राज्य में सम्मानजनक रोजगार के अवसर पैदा करना है। उन्होंने देश और दुनिया के निवेशकों से बिहार में उपलब्ध संभावनाओं का लाभ उठाने की अपील की।
उपमुख्यमंत्री शनिवार को बोधगया में बिहार इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग सिटी गया लिमिटेड (BIMCGL) के शुभारंभ और बिहार बिजनेस कनेक्ट 2027 के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने परियोजना के लोगो का अनावरण और वेब पोर्टल का उद्घाटन किया। कार्यक्रम का आयोजन उद्योग विभाग, बिहार सरकार द्वारा बियाडा (BIADA) और इन्वेस्ट बिहार के सहयोग से किया गया।
सम्राट चौधरी ने कहा कि अमृतसर-कोलकाता इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के तहत लगभग 1,670 एकड़ भूमि पर तैयार होने वाली इस परियोजना में 16,500 करोड़ रुपये के निवेश की गुंजाइश है, जबकि लगभग एक लाख दस हजार रोजगार के अवसर पैदा होने की उम्मीद है। राज्य में उद्योगों और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए लगभग 13,500 एकड़ भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी जारी है। उन्होंने औद्योगिक विकास के लिए पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल को बढ़ावा देने पर जोर दिया।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में स्टील, टेक्सटाइल, फूड प्रोसेसिंग, सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक वाहनों, ऑटोमोबाइल और बायोफ्यूल सहित कई क्षेत्रों में निवेश की अपार संभावनाएं हैं। सरकार की प्राथमिकता औद्योगिक परियोजनाओं को धरातल पर उतारना, उत्पादन शुरू कराना और स्थानीय युवाओं को रोजगार प्रदान करना है, ताकि उन्हें नौकरी की तलाश में दूसरे राज्यों में न जाना पड़े।
उन्होंने गया और बोधगया के धार्मिक व सांस्कृतिक महत्व का जिक्र करते हुए कहा कि मगध के नाम से टाउनशिप और सांस्कृतिक विरासत का केंद्र स्थापित करने की योजना है। गया को दुबई और काठमांडू से हवाई कनेक्टिविटी के जरिए जोड़ने की योजना पर भी काम किया जा रहा है, जिससे पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार बिजनेस कनेक्ट 2027 निवेशकों को राज्य की औद्योगिक क्षमता और निवेश के अवसरों से अवगत कराने का महत्वपूर्ण प्लेटफॉर्म होगा। इसका आयोजन 17 और 18 फरवरी 2027 को किया जाएगा। उन्होंने विदेशों में रहने वाले बिहारियों से भी राज्य के विकास में सहयोग करने की अपील की।